हैदराबाद में रविवार, 1 नवंबर 2026 को आयोजित अंतरराष्ट्रीय कबड्डी महासंघ (International Kabaddi Federation – IKF) की कार्यकारी समिति की बैठक में इस खेल के वैश्विक विस्तार को लेकर कई ऐतिहासिक योजनाओं की घोषणा की गई। महासंघ के अध्यक्ष कसानी ज्ञानेश्वर (Kasani Gnaneshwar) की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में कबड्डी को 2036 ओलंपिक खेलों (Olympic Games 2036) और 2030 राष्ट्रमंडल खेलों (Commonwealth Games 2030) में शामिल कराने का स्पष्ट लक्ष्य तय किया गया। इसके साथ ही आगामी समय में कबड्डी विश्व कप के आयोजन और प्रो कबड्डी लीग (Pro Kabaddi League – PKL) के प्रारूप पर आधारित महिला लीग शुरू करने की रूपरेखा भी साझा की गई।
ओलंपिक और राष्ट्रमंडल खेलों में जगह दिलाने का लक्ष्य
बैठक के उपरांत मीडिया को संबोधित करते हुए आईकेएफ अध्यक्ष कसानी ज्ञानेश्वर ने कहा कि कबड्डी को ओलंपिक खेलों का हिस्सा बनाना महासंघ का सबसे बड़ा उद्देश्य है। उन्होंने जोर देकर कहा कि खेल के ओलंपिक में शामिल होने से वैश्विक पटल पर इसे व्यापक मान्यता मिलेगी, जिससे दुनिया भर के खिलाड़ियों को आगे बढ़ने के नए अवसर प्राप्त होंगे।
ज्ञानेश्वर ने यह भी रेखांकित किया कि ओलंपिक का दर्जा मिलने के बाद विभिन्न देशों की सरकारें कबड्डी के विकास के लिए अलग से बजट और संसाधन आवंटित करने के लिए प्रोत्साहित होंगी। इसके अलावा 2030 के राष्ट्रमंडल खेलों में भी कबड्डी को शामिल कराने की दिशा में औपचारिक प्रयास तेज कर दिए गए हैं। वर्तमान में विश्व के 62 देश अंतरराष्ट्रीय कबड्डी महासंघ की सदस्यता ग्रहण कर चुके हैं, जो इस खेल के अंतरराष्ट्रीय प्रसार को दर्शाता है।
विश्व कप की मेजबानी और महिला फ्रेंचाइजी लीग की घोषणा
महासंघ ने अंतरराष्ट्रीय प्रतिस्पर्धाओं को नियमित करने के लिए कबड्डी विश्व कप (Kabaddi World Cup) के आयोजन की प्रक्रिया शुरू कर दी है। आईकेएफ ने इस प्रतिष्ठित टूर्नामेंट की मेजबानी में रुचि रखने वाले सदस्य देशों से आधिकारिक प्रस्ताव आमंत्रित किए हैं। सभी प्रस्तावों की समीक्षा करने के बाद मेजबान देश के नाम का औपचारिक ऐलान किया जाएगा।
महिला खिलाड़ियों को पेशेवर अवसर प्रदान करने के उद्देश्य से आईकेएफ ने महिला कबड्डी प्रीमियर लीग शुरू करने का भी फैसला लिया है। यह फ्रेंचाइजी आधारित प्रतियोगिता भारत की सफल प्रो कबड्डी लीग के मॉडल पर आयोजित की जाएगी। महासंघ ने इस लीग के उद्घाटन सत्र में आठ टीमों को मैदान में उतारने का लक्ष्य तय किया है।
बैठक के मुख्य बिंदु
- ओलंपिक का रोडमैप: कबड्डी को 2036 ओलंपिक और 2030 राष्ट्रमंडल खेलों में शामिल कराने के लिए अभियान शुरू।
- विश्व कप के लिए बोलियां: आगामी कबड्डी विश्व कप की मेजबानी के लिए इच्छुक देशों से प्रस्ताव आमंत्रित।
- महिला फ्रेंचाइजी लीग: प्रो कबड्डी लीग की तर्ज पर आठ टीमों के साथ महिला लीग शुरू करने की योजना।
- 62 सदस्य देश: अंतरराष्ट्रीय महासंघ में सदस्य देशों की संख्या 62 तक पहुंची।
- प्रशासनिक नेतृत्व: अध्यक्ष कसानी ज्ञानेश्वर, निदेशक वेंकटेश भंडारी (Venkatesh Bandari) और गोविंद नारायण शर्मा (Govind Narayan Sharma) समेत कई देशों के प्रतिनिधियों की सहभागिता।
वैश्विक स्तर पर खेल के विकास की रणनीति
हैदराबाद में हुई इस उच्चस्तरीय बैठक में निदेशक वेंकटेश भंडारी, गोविंद नारायण शर्मा और विभिन्न देशों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। पदाधिकारियों ने खेल के संचालन, डोपिंग रोधी मानकों और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रेफरी व तकनीकी अधिकारियों के प्रशिक्षण पर भी चर्चा की।
पारंपरिक रूप से भारत और एशियाई देशों तक सीमित रहा कबड्डी का दायरा अब यूरोप, अफ्रीका और अमेरिका तक फैल रहा है। महासंघ का मानना है कि विश्व कप और महिला लीग जैसे कदम कबड्डी को वैश्विक खेल पारिस्थितिकी तंत्र में एक मजबूत और सम्मानित स्थान दिलाने में मील का पत्थर साबित होंगे।
